नवी मुंबई। युवतियों के व्यक्तित्व विकास, स्वास्थ्य जागरूकता, आत्मरक्षा, उद्यमिता और भारतीय संस्कृति में नारी शक्ति के महत्व को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित ‘युगंधरा युवती सम्मेलन 2026’ शुक्रवार को वाशी स्थित विष्णुदास भावे नाट्यगृह में उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। विकासार्थ विद्यार्थी (स्टूडेंट्स फॉर डेवलपमेंट), युगंधरा और नवी मुंबई महानगरपालिका के सहयोग से आयोजित इस सम्मेलन के लिए कुल 1,657 युवतियों ने पंजीकरण कराया।
सम्मेलन का उद्घाटन नवी मुंबई की महापौर सुजाता सुरज पाटील के हाथों हुआ। इस अवसर पर उन्होंने युवतियों से सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली जानकारी की सत्यता जांचने के बाद ही उसे साझा करने की अपील की। उन्होंने कहा कि गलत और भ्रामक जानकारी समाज में तनाव पैदा कर सकती है। युवतियों को आत्मविश्वास, निर्णय क्षमता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हुए सामाजिक सद्भाव, शांति और राष्ट्रीय एकता बनाए रखने में योगदान देना चाहिए।
फिल्म अभिनेत्री कुंजिका कालविंत ने अपने संबोधन में संयुक्त परिवार व्यवस्था और पारिवारिक संस्कारों के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि युवतियों को सोशल मीडिया की आभासी दुनिया और वास्तविक जीवन के बीच अंतर समझना चाहिए। केवल ऑनलाइन लोकप्रियता के पीछे भागने के बजाय अपने लक्ष्य और व्यक्तिगत विकास पर ध्यान केंद्रित करना आवश्यक है।
राष्ट्र सेविका समिति की प्रमुख कार्यकर्ता अश्विनी भावे ने ‘पंच परिवर्तन’ विषय पर मार्गदर्शन किया। उन्होंने परिवार व्यवस्था, सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक कर्तव्यों का महत्व बताते हुए युवतियों से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए आगे आने का आह्वान किया।
सम्मेलन में आयोजित पैनल चर्चा में उद्यमी निकिता भगवत, कानून विशेषज्ञ एडवोकेट नीलम पवार और दुर्गावाहिनी की प्रांत संयोजिका मनीषा भोईर ने भाग लिया। चर्चा के दौरान उद्यमिता के अवसरों, कानूनी जागरूकता, व्यक्तित्व विकास, भारतीय संस्कृति में नारी शक्ति और आध्यात्मिक मूल्यों पर विचार-विमर्श किया गया। चर्चा का समन्वय ऋतुजा भोर ने किया।
युवतियों के स्वास्थ्य संबंधी सत्र में वाशी स्थित हिरानंदानी अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. हिना शेख ने PCOD और PCOS के लक्षणों, स्वस्थ जीवनशैली तथा समय पर चिकित्सकीय सलाह लेने के महत्व की जानकारी दी। उन्होंने युवतियों से स्वास्थ्य संबंधी गलत धारणाओं से बचने और विशेषज्ञों की सलाह के आधार पर निर्णय लेने की अपील की।
महारुद्र मर्दानी आखाड़ा, नवी मुंबई की युवतियों ने लाठी-काठी, दांडपट्टा, तलवार और भाले जैसे पारंपरिक शस्त्रों के माध्यम से मर्दानी खेलों का प्रदर्शन किया। इस प्रस्तुति के जरिए आत्मरक्षा, अनुशासन और शारीरिक एवं मानसिक रूप से सक्षम बनने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में गणेश वंदना, दीप प्रज्वलन, अतिथियों का सम्मान, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और ‘नारी तू नारायणी’ विषय पर काव्यपाठ आयोजित किया गया। राष्ट्रीय खेल क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाली हस्तियों का भी सम्मान किया गया। सम्मेलन का समापन वंदे मातरम् के साथ हुआ।
इस अवसर पर ऐरोली के प्रथम विधायक संदीप नाईक, उपमहापौर दशरथ भगत, राजीव गांधी कॉलेज ऑफ आर्ट्स, कॉमर्स एंड साइंस, वाशी के प्राचार्य डॉ. बासुकिनाथ एस. पांडे सहित विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य व्यक्ति, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में युवतियां उपस्थित रहीं। हिरानंदानी अस्पताल (फोर्टिस नेटवर्क) ने स्वास्थ्य सहयोगी और डीएनएस बैंक ने बैंकिंग सहयोगी के रूप में योगदान दिया।
युवतियों के सर्वांगीण विकास, स्वास्थ्य जागरूकता, आत्मरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी पर केंद्रित यह सम्मेलन युवतियों को मार्गदर्शन देने वाला मंच साबित हुआ।
